पोलैंड ने रूसी राष्ट्रपति के हालिया बयानों को “गलत सूचना” बताकर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। वारसॉ ने स्पष्ट रूप से कहा है कि क्रेमलिन द्वारा फैलाए जा रहे दावे निराधार हैं। पोलिश सरकार ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वे तथ्यों पर आधारित नहीं हैं और इनका उद्देश्य गलत जानकारी फैलाना है। यह प्रतिक्रिया रूस और पोलैंड के बीच पहले से ही तनावपूर्ण संबंधों को और बढ़ा सकती है। पोलैंड, नाटो का एक महत्वपूर्ण सदस्य है, और यूक्रेन के समर्थन में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। इस संदर्भ में, रूसी राष्ट्रपति के बयान पोलैंड के लिए विशेष रूप से संवेदनशील हैं। वारसॉ ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से भी इस तरह की गलत सूचनाओं के खिलाफ सतर्क रहने का आग्रह किया है।