पेरू में पोप लियोन XIV के नवंबर में होने वाले दौरे की पुष्टि के बाद, कार्डिनल कार्लोस कैस्टिलो ने कहा है कि पोप का स्वागत करने के लिए वास्तविक आध्यात्मिक तैयारी में जबरन वसूली, हत्या और हिंसा का मुकाबला करना भी शामिल है। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि आस्था के साथ-साथ सुरक्षा और न्याय का माहौल बनाना भी आवश्यक है। कैस्टिलो के अनुसार, पोप की यात्रा का उद्देश्य केवल धार्मिक अनुष्ठान ही नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाना भी है। उन्होंने अधिकारियों और नागरिकों से मिलकर अपराध को कम करने के प्रयासों को तेज़ करने का आग्रह किया। कार्डिनल ने इस बात पर बल दिया कि एक शांतिपूर्ण और सुरक्षित वातावरण पोप के संदेश को अधिक प्रभावी ढंग से प्रसारित करने में मदद करेगा। उनका मानना है कि सच्ची आध्यात्मिकता बाहरी धार्मिकता से परे, समाज की भलाई के लिए काम करने में निहित है। इस तैयारी में सभी पेरूवासियों की भागीदारी महत्वपूर्ण है।