चिली की संसद में депутатов (सांसदों) के 17 सलाहकारों को कई बार भारी भरपाई दी गई है, जिससे वे कानूनी सीमा, जो 11 साल की है, को पार कर चुके हैं। CIPER Chile की जांच में यह खुलासा हुआ है कि इन सलाहकारों को संसद द्वारा बार-बार मुआवजा दिया गया, जिससे नियमों का उल्लंघन हुआ है। यह मामला संसद में पारदर्शिता और जवाबदेही पर सवाल खड़े करता है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इन सलाहकारों को दी गई भरपाई की राशि कानूनी रूप से अनुमत सीमा से अधिक है। इस अनियमितता के कारण संसद में बहस छिड़ने की संभावना है। अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है और उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। यह घटना चिली की राजनीति में एक महत्वपूर्ण मुद्दा बन गया है।