पनामा नहर में एल नीनो की वजह से सूखे की स्थिति उत्पन्न हो गई है, जिसके कारण जहाजों की दैनिक आवाजाही कम कर दी जाएगी। सितंबर से ये बदलाव लागू होंगे और वैश्विक व्यापार पर इसका असर पड़ेगा। नहर प्रशासन ने जल स्तर में कमी आने के कारण यह निर्णय लिया है। इससे जहाजों को नहर पार करने के लिए अधिक समय लग सकता है या वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करना पड़ सकता है। यह कटौती वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं और माल ढुलाई की लागत को प्रभावित कर सकती है। अधिकारियों का कहना है कि स्थिति की निगरानी की जा रही है और जल स्तर सामान्य होने पर प्रतिबंधों में ढील दी जा सकती है। यह नहर दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण जलमार्गों में से एक है।