अल नीनो और ईरान के साथ संघर्ष के कारण पनामा नहर में शुल्क रिकॉर्ड स्तर पर पहुँच गया है। मौसम के एक घटनाक्रम के कारण जल स्तर में गिरावट आई है, जिससे इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग पर आवागमन सीमित होने की आशंका है। जल स्तर की कमी के कारण जहाजों के लिए नहर से गुजरना मुश्किल हो रहा है, जिसके परिणामस्वरूप देरी और अतिरिक्त लागत आ रही है। नहर प्रशासन ने जल संरक्षण के लिए कुछ उपाय किए हैं, लेकिन स्थिति अभी भी चिंताजनक है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वर्षा सामान्य नहीं होती है, तो नहर पर और अधिक प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं। इससे वैश्विक व्यापार पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है, खासकर उन देशों पर जो नहर पर निर्भर हैं। यह स्थिति समुद्री परिवहन और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला के लिए एक बड़ी चुनौती प्रस्तुत करती है।