पाकिस्तान के फिल्म उद्योग से जुड़े विभिन्न संगठनों ने ‘आयातित’ सामग्री पर लगने वाले अग्रिम कर को हटाने के हालिया सरकारी फैसले का विरोध जताया है। उनका कहना है कि यह निर्णय हितधारकों से परामर्श किए बिना लिया गया है। फिल्म निर्माताओं का मानना है कि इस कर को हटाने से स्थानीय फिल्म उद्योग को नुकसान होगा और विदेशी सामग्री का आयात बढ़ जाएगा। उन्होंने सरकार से इस मामले में सभी संबंधित पक्षों के साथ व्यापक विचार-विमर्श करने का आग्रह किया है। यूनियनों ने आगाह किया है कि बिना उचित परामर्श के यह कदम उद्योग के विकास को बाधित कर सकता है। उनका कहना है कि इस फैसले से राजस्व पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। सरकार ने अभी तक इस विरोध पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
