यमन के हौथियों द्वारा सऊदी अरब पर किए गए हालिया हमलों ने पाकिस्तान को चिंतित कर दिया है। पाकिस्तान को डर है कि ये हमले उसे अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव में खींच सकते हैं। यह स्थिति पाकिस्तान की मध्यस्थता करने की किसी भी संभावित भूमिका को जटिल बना सकती है। पाकिस्तान, अमेरिका और ईरान दोनों के साथ संबंध बनाए रखने की कोशिश कर रहा है, लेकिन हौथियों के हमलों ने उसकी तटस्थ रहने की क्षमता को खतरे में डाल दिया है। इस्लामाबाद भविष्य में दोनों देशों के बीच किसी भी संभावित मध्यस्थता के लिए अपनी स्थिति बनाए रखने को लेकर चिंतित है। यह घटनाक्रम क्षेत्रीय स्थिरता के लिए भी एक चुनौती है। पाकिस्तान सरकार फिलहाल स्थिति का आकलन कर रही है और आगे की कार्रवाई पर विचार कर रही है।