पाकिस्तान में बिजली की दर में ५२ पैसे प्रति यूनिट की वृद्धि की गई है। यह वृद्धि आज से लागू हो गई है और इसका असर आम उपभोक्ताओं और उद्योगों दोनों पर पड़ेगा। बिजली वितरण कंपनियों ने यह वृद्धि राष्ट्रीय विद्युत नियामक प्राधिकरण (नेप्रा) की मंजूरी के बाद की है। नेप्रा ने पहले ही विभिन्न कारणों से बिजली की दरों में वृद्धि की सिफारिश की थी, जिसमें ईंधन की कीमतों में वृद्धि और रुपये की विनिमय दर में गिरावट शामिल है। इस वृद्धि से पाकिस्तान में पहले से ही बढ़ती महंगाई की समस्या और बढ़ सकती है। सरकार का कहना है कि यह वृद्धि बिजली क्षेत्र की वित्तीय स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक है। उपभोक्ताओं और उद्योगपतियों ने इस वृद्धि पर चिंता व्यक्त की है और सरकार से राहत प्रदान करने का आग्रह किया है।