हरमुज जलडमरूमध्य में तनाव के बीच, पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप की ईरान के प्रति आक्रामक नीति विफल रही है। ओमान ने इस जटिल स्थिति में एक अलग रास्ता चुना है। ओमान, ईरान और पश्चिमी देशों के बीच मध्यस्थता करने की कोशिश कर रहा है, जिससे क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने में मदद मिल सके। ट्रंप प्रशासन का ‘शून्य सहिष्णुता’ दृष्टिकोण ईरान पर दबाव बनाने में सफल नहीं हो पाया और इसने स्थिति को और भी बिगाड़ दिया। ओमान की राजनयिक पहल इस बात का संकेत है कि संवाद और कूटनीति के माध्यम से ही इस समस्या का समाधान किया जा सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि ओमान की भूमिका हरमुज जलडमरूमध्य में स्थिरता लाने के लिए महत्वपूर्ण है। यह क्षेत्र वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए महत्वपूर्ण है, इसलिए क्षेत्र में शांति बनाए रखना आवश्यक है।