मिरेकल Aboagye ने न्यायपालिका पर कार्यपालिका के साथ अत्यधिक निकटता का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि यह स्थिति न्याय प्रणाली में जनता के विश्वास को कमज़ोर कर रही है। Aboagye ने सत्तारूढ़ NPP पार्टी के विरोध प्रदर्शन के संदर्भ में यह टिप्पणी की। उन्होंने चेतावनी दी है कि न्यायपालिका की निष्पक्षता पर सवाल उठने से गंभीर परिणाम हो सकते हैं। यह आरोप शासन और न्यायपालिका के बीच संबंधों को लेकर चिंता पैदा करता है। Aboagye का मानना है कि न्यायपालिका को स्वतंत्र और निष्पक्ष रहना चाहिए ताकि कानून का शासन बना रहे। इस आलोचना से राजनीतिक हलचलों और न्यायपालिका की भूमिका पर बहस छिड़ने की संभावना है।