नार्वे की राजकुमारी मेटे-मारिट के 29 वर्षीय पुत्र, मारियस बोर्ग होइबी, ने अपनी हिरासत के खिलाफ अदालत के फैसले के खिलाफ अपील न करने का निर्णय लिया है। ओस्लो जिला न्यायालय ने 13 जुलाई तक मारियस को हिरासत में रखने का आदेश दिया है। अदालत का मानना है कि रिहा होने पर मारियस के मामले से जुड़े व्यक्ति से संपर्क करने का खतरा है। मारियस पर एक महिला के संपर्क में आने के निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने का आरोप है। इससे पहले मारियस ने कई बार रिहाई की मांग की थी, लेकिन अब उन्होंने न्यायालय के निर्णय को स्वीकार कर लिया है। यह मामला नार्वे में काफी चर्चा का विषय बना हुआ है। समाचार एजेंसी एफ़्टनपोस्टेन के अनुसार, यह निर्णय मारियस और संबंधित महिला दोनों के लिए सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है।
