स्वीडन के ट्रॉलहैटन शहर में एक स्वीडिश महिला की मौत के मामले में, नार्वेजियन डॉक्टर स्टीनार वांगेन को स्वीडिश अभियोजन पक्ष ने 15 साल की जेल की सजा देने की मांग की है। वांगेन पर हत्या का आरोप है, क्योंकि उन पर महिला को इच्छामृत्यु में सहायता करने का आरोप लगा है। बचाव पक्ष के वकील गौते नीलसन ने अदालत से शांत रहने और कानूनी प्रक्रिया का पालन करने का आग्रह किया है। उनका कहना है कि इस मामले में कानून का शासन सबसे महत्वपूर्ण है। यह मामला इच्छामृत्यु को लेकर कानूनी और नैतिक बहस को जन्म दे रहा है। अदालत का फैसला इच्छामृत्यु से संबंधित भविष्य के मामलों के लिए एक मिसाल कायम कर सकता है। बचाव पक्ष का तर्क है कि वांगेन ने महिला की पीड़ा को कम करने के लिए मानवीय सहायता प्रदान की थी।