नॉर्वे के सबसे बड़े बिजली उपभोक्ताओं ने ऊर्जा उत्पादन के विस्तार में हो रही देरी को लेकर चिंता जताई है। उनका कहना है कि समय तेज़ी से निकल रहा है और नई ऊर्जा परियोजनाओं को शुरू करने का अवसर सीमित होता जा रहा है। उद्योग जगत के नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही कदम नहीं उठाए गए, तो ऊर्जा की कमी की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। उनका मानना है कि ऊर्जा बुनियादी ढांचे के विकास की गति को तेज़ करना ज़रूरी है ताकि भविष्य की मांग को पूरा किया जा सके। वे सरकार और ऊर्जा कंपनियों से इस मामले को गंभीरता से लेने और त्वरित कार्रवाई करने का आग्रह कर रहे हैं। इस चेतावनी से देश में ऊर्जा सुरक्षा को लेकर बहस छिड़ सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों में निवेश को बढ़ावा देना आवश्यक है।