नाइजीरिया में बढ़ते सामाजिक मतभेदों के लिए पूर्व सांसद हकीम बाबा-अहमद ने खराब नेतृत्व और आपसी भिन्नताओं का राजनीतिक लाभ उठाने की रणनीति को ज़िम्मेदार ठहराया है। उनका कहना है कि देश में एकता की भावना को फिर से मजबूत करने की आवश्यकता है। बाबा-अहमद ने नेताओं पर आरोप लगाया है कि वे लोगों के बीच विभाजन पैदा करने में लगे हुए हैं, जिससे देश की एकता खतरे में है। उन्होंने नाइजीरियाई नागरिकों से देश की अखंडता और स्थिरता के लिए एकजुट होने का आह्वान किया है। उनका मानना है कि प्रभावी नेतृत्व और समावेशी नीतियों के माध्यम से ही इन चुनौतियों का समाधान किया जा सकता है। बाबा-अहमद ने विशेष रूप से राजनीतिक और जातीय मतभेदों को भड़काने की प्रवृत्ति पर चिंता व्यक्त की है। इस स्थिति को सुधारने के लिए उन्होंने तत्काल और ठोस कदम उठाने की आवश्यकता पर बल दिया है।