नाइजीरिया के इबादान चर्च प्रांत के कैथोलिक बिशपों ने ‘पश्चाताप करने वाले’ अपराधियों को समाज और सुरक्षा बलों में फिर से शामिल करने की प्रक्रिया की कड़ी आलोचना की है। बिशपों का कहना है कि यह कदम नाइजीरिया में हिंसक अपराधों के पीड़ितों के लिए अन्यायपूर्ण और हानिकारक है। उन्होंने इस नीति को पीड़ितों के प्रति असंवेदनशीलता बताया है और सवाल उठाया है कि क्या अपराधियों का पश्चाताप वास्तव में वास्तविक है। बिशपों ने सरकार से पीड़ितों को न्याय दिलाने और सुरक्षा सुनिश्चित करने पर ध्यान केंद्रित करने का आग्रह किया है। उनका मानना है कि अपराधियों को बिना शर्त रिहा करना अपराध को बढ़ावा दे सकता है और पीड़ितों में असुरक्षा की भावना पैदा कर सकता है। यह बयान नाइजीरिया में चल रही सुरक्षा चुनौतियों और अपराध से निपटने के तरीकों पर बहस के बीच आया है। बिशपों ने इस मामले में तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
