गैर-सरकारी संगठन ‘एडिक्ट’ ने पुलिस हिरासत में होने वाली मौतों की जांच के लिए एक स्वतंत्र जांच दल शामिल करने की मांग की है। संगठन का तर्क है कि पुलिस द्वारा अपनी ही हिरासत में होने वाली मौतों की जांच करने से हितों का टकराव होता है। 'एडिक्ट' का मानना है कि निष्पक्ष और पारदर्शी जांच सुनिश्चित करने के लिए एक स्वतंत्र एजेंसी को यह जिम्मेदारी सौंपी जानी चाहिए। यह कदम पुलिस जवाबदेही बढ़ाने और भविष्य में होने वाली मौतों को रोकने में मदद करेगा। संगठन ने कहा कि वर्तमान प्रणाली में जांचकर्ताओं और संदिग्धों के बीच संबंध होने के कारण निष्पक्षता पर संदेह बना रहता है। इस मुद्दे पर तत्काल ध्यान देने और Coroner’s Bill में आवश्यक संशोधन करने का आग्रह किया गया है। स्वतंत्र जांच से पीड़ितों को न्याय मिलने की संभावना बढ़ेगी।