हाल ही में बनी एसएसएफएमआर सरकार की पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पष्ट हुआ कि सरकार के भीतर विचारों में एकता का अभाव है। सरकार कर योजनाओं की रक्षा करने पर केंद्रित है, भले ही उन्हें विरोध का सामना करना पड़े। हेले इब के अनुसार, इसके कम से कम पांच कारण हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार की एकजुटता की कमी उजागर हुई, जिससे पता चलता है कि कर नीतियां ही एकमात्र ऐसा विषय है जिस पर सभी सहमत हैं। सरकार इस कर योजना को लेकर दृढ़ता से खड़ी है और किसी भी तरह के विरोध को शांत करने का प्रयास कर रही है। इस स्थिति से राजनीतिक विश्लेषकों के बीच सरकार की स्थिरता को लेकर सवाल उठ रहे हैं। यह देखना बाकी है कि सरकार आगे चलकर विभिन्न मुद्दों पर कैसे सहमति बनाएगी।