इजरायली मीडिया में प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू पर लेबनान में शहीद हुए सैनिकों की अंतिम संस्कार में शामिल न होने को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। एली ओहाना नामक एक टीवी प्रस्तोता ने इस मुद्दे पर टिप्पणी करते हुए कहा कि नेतन्याहू की अनुपस्थिति का कारण धार्मिक है। उन्होंने इसे 'हफ्तारा' की कहानी से जोड़ा है, जिसका अर्थ है कि यह एक पूर्व निर्धारित या दैवीय योजना का हिस्सा हो सकता है। ओहाना ने स्पष्ट रूप से इस धार्मिक संदर्भ के विस्तृत अर्थ को नहीं समझाया, लेकिन उन्होंने संकेत दिया कि नेतन्याहू की अनुपस्थिति राजनीतिक या व्यक्तिगत कारणों से नहीं, बल्कि किसी गहरी वजह से है। इस बयान ने आगे अटकलों को जन्म दिया है और नेतन्याहू की इस फैसले पर बहस तेज कर दी है। इस मामले में अभी तक प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। यह घटना इजरायली समाज में शोक और राजनीतिक तनाव के बीच हो रही है।
