नेपाल में हाल ही में आई बाढ़ के कारण कई लोग बेघर हो गए हैं। गोसोक फुंटसोक चोलिंग मठ अब इन बाढ़ पीड़ितों के लिए एक अस्थायी राहत केंद्र बन गया है। मठ में भोजन, पानी और आश्रय की व्यवस्था की गई है। स्थानीय समुदाय और स्वयंसेवक पीड़ितों की मदद करने में जुटे हुए हैं। यह मठ आपदा के समय में लोगों को सुरक्षित स्थान प्रदान कर रहा है। सरकार और अन्य सहायता एजेंसियां भी राहत कार्य में लगी हुई हैं। मठ का यह कदम मानवीय सहायता का एक महत्वपूर्ण उदाहरण है।