नेपाल में हाल ही में आई भीषण बाढ़ में कई घर और बुनियादी ढांचे तबाह हो गए, लेकिन एक 'हरित' इमारत अपनी जगह पर टिकी रही। यह इमारत स्थानीय सामग्रियों और पारंपरिक निर्माण तकनीकों का उपयोग करके बनाई गई थी। विशेषज्ञों का मानना है कि इमारत की विशेष डिजाइन और निर्माण शैली ने इसे बाढ़ के पानी के दबाव और मिट्टी के कटाव से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस इमारत का निर्माण पर्यावरण के अनुकूल तरीके से किया गया था, जिससे यह प्राकृतिक आपदाओं के प्रति अधिक लचीला बनी। यह सफलता टिकाऊ वास्तुकला और आपदा-रोधी निर्माण के महत्व को दर्शाती है। यह उदाहरण दिखाता है कि कैसे स्थानीय ज्ञान और आधुनिक तकनीकों को मिलाकर सुरक्षित और टिकाऊ घर बनाए जा सकते हैं। इस इमारत की सफलता से नेपाल में भविष्य के निर्माण परियोजनाओं के लिए एक मिसाल कायम हुई है।