नाटो के महासचिव मार्क रुट्टे ने बताया है कि यूरोपीय सहयोगी देश ओर्मुज़ जलडमरूमध्य के पास अपने संसाधन बढ़ा रहे हैं। यह तैनाती पूर्व नियोजित है और इसका उद्देश्य जलमार्ग की सुरक्षा सुनिश्चित करना है, जिसमें खदानों को हटाने में सहायता शामिल है। रुट्टे ने यह भी कहा कि यह कदम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की आलोचनाओं के बीच उठाया जा रहा है, जिन्होंने पहले नाटो सहयोगियों से अधिक योगदान की मांग की थी। यह तैनाती क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने और महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग की सुरक्षा के लिए नाटो की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। नाटो का यह कदम तनावपूर्ण भू-राजनीतिक स्थिति को देखते हुए महत्वपूर्ण है। यह कार्रवाई समुद्री व्यापार और ऊर्जा आपूर्ति की सुरक्षा के लिए की जा रही है। इस तैनाती से क्षेत्र में संभावित खतरों का मुकाबला करने की नाटो की क्षमता में वृद्धि होगी।
