मुदा पार्टी के अध्यक्ष अमीरा आइस्या अब्दुल अजीज ने मई में पारित किए गए एक संवैधानिक संशोधन विधेयक को ‘सबसे अतार्किक कानून’ बताया है। उनका कहना है कि इस कानून को रद्द करना पार्टी की प्रमुख प्राथमिकताओं में से एक है। यह विधेयक बिना चुनाव के प्रतिनिधियों की नियुक्ति से संबंधित है, जिसे मुदा पार्टी असंवैधानिक मानती है। अध्यक्ष आइस्या ने इस कानून के निहितार्थों पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यह लोकतांत्रिक प्रक्रिया के खिलाफ है। पार्टी इस कानून को निरस्त करने के लिए सक्रिय रूप से काम कर रही है और इस मुद्दे पर जनता का समर्थन जुटाने का प्रयास कर रही है। उनका मानना है कि सभी प्रतिनिधियों को चुनाव के माध्यम से चुने जाने चाहिए ताकि वे जनता के प्रति जवाबदेह हों। इस कदम से राजनीतिक व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ेगी।