सामाजिक मंत्रालय और सेना मिलकर ग्रामीण विद्यालय के छात्रों के लिए चरित्र निर्माण कार्यक्रम तैयार कर रहे हैं। इस पहल में लगभग 1,000 सैनिक अकादमी के छात्र शामिल होंगे। ये छात्र ग्रामीण विद्यालय के विद्यार्थियों को प्रशिक्षण देंगे, जिसका उद्देश्य उनमें नैतिक मूल्यों और अच्छे चरित्र का विकास करना है। यह कार्यक्रम दोनों संस्थानों के बीच सहयोग का एक महत्वपूर्ण उदाहरण है। अधिकारियों का कहना है कि इस प्रशिक्षण से छात्रों के व्यक्तित्व विकास में मदद मिलेगी और वे बेहतर नागरिक बन पाएंगे। कार्यक्रम की विस्तृत रूपरेखा और कार्यान्वयन योजना जल्द ही जारी की जाएगी। यह पहल शिक्षा के क्षेत्र में एक सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।