इस वर्ष आई.सी.ई. (इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एन्फोर्समेंट) की हिरासत में मरने वाले लोगों की संख्या 19 हो गई है, जिसमें जोस गुआडलूपे रामोस नामक एक मैक्सिकन नागरिक भी शामिल हैं। रामोस की मौत के बाद उनके परिवार ने आई.सी.ई. से जवाब मांगा है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह घटना एक बढ़ती हुई प्रवृत्ति का हिस्सा है, जिसमें हिरासत में मौतों की संख्या में वृद्धि देखी जा रही है। यह मामला अमेरिकी आव्रजन नीतियों और हिरासत स्थितियों पर सवाल खड़े करता है। परिवार और मानवाधिकार समूह आई.सी.ई. की जवाबदेही और हिरासत केंद्रों में बेहतर चिकित्सा देखभाल की मांग कर रहे हैं। रामोस की मौत की परिस्थितियों की जांच चल रही है, लेकिन अभी तक कोई विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। इस घटना ने एक बार फिर से अमेरिका में आप्रवासन प्रणाली की कठोरता पर प्रकाश डाला है।