मलेशिया वर्ष 2030 तक कचरे के ढेर पर अपनी निर्भरता को 61 प्रतिशत से घटाकर 52 प्रतिशत करने के लिए प्रयासरत है। यह कदम देश में बढ़ते खाद्य अपशिष्ट संकट को देखते हुए उठाया गया है। सरकार का लक्ष्य कचरा प्रबंधन में अधिक टिकाऊ तरीकों को अपनाना है। इस बदलाव के लिए खाद्य अपशिष्ट को कम करने और रीसाइक्लिंग को बढ़ावा देने पर जोर दिया जा रहा है। अधिकारियों का मानना है कि यह पहल पर्यावरण संरक्षण में महत्वपूर्ण योगदान देगी। इसके साथ ही, यह कचरा प्रबंधन की लागत को भी कम करने में सहायक होगी। यह योजना मलेशिया को एक स्वच्छ और हरित भविष्य की ओर ले जाने में महत्वपूर्ण साबित होगी।
