स्टॉकहोम शहर पुस्तकालय के हजारों उपयोगकर्ताओं को उनके डेटा लीक होने की सूचना मिली है। जांच में पता चला है कि कमजोर पिन कोड के इस्तेमाल से हैकर्स को सिस्टम में घुसने का मौका मिला। डिजिटल समाचार पत्र 'डैन' के पत्रकार लिनस लार्सन ने इस घटना पर पांच सवालों के जवाब दिए हैं। लार्सन के अनुसार, कई उपयोगकर्ताओं ने आसानी से अनुमान लगाने योग्य पिन कोड का उपयोग किया, जिससे सुरक्षा भंग हो गई। लीक हुए डेटा में उपयोगकर्ताओं के नाम, पते और उधार ली गई पुस्तकों की जानकारी शामिल हो सकती है। पुस्तकालय प्रशासन ने घटना की पुष्टि की है और जांच शुरू कर दी है। उपयोगकर्ताओं को अपने पिन कोड बदलने और सतर्क रहने की सलाह दी गई है। यह घटना डिजिटल सुरक्षा के महत्व और मजबूत पासवर्ड बनाने की आवश्यकता पर प्रकाश डालती है।