रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने बोरिस येल्तसिन द्वारा व्लादिमीर पुतिन को राष्ट्रपति पद सौंपने को एक दैवीय हस्तक्षेप बताया है। उन्होंने कहा कि इसी वजह से रूस ने 90 के दशक के संकट को पार किया। लावरोव के अनुसार, यह एक ऐतिहासिक मोड़ था जिसने रूस को स्थिरता की ओर अग्रसर किया। पुतिन भी अक्सर यह कहते हैं कि रूस को विशेष दिव्य सुरक्षा प्राप्त है। यह बयान रूस में बढ़ती धार्मिक भावना और पुतिन के नेतृत्व को वैध बनाने के प्रयासों के संदर्भ में महत्वपूर्ण है। लावरोव का यह कथन रूस की राजनीतिक विचारधारा और ऐतिहासिक धारणाओं पर प्रकाश डालता है। यह दर्शाता है कि रूस अपने अतीत और भविष्य को किस प्रकार देखता है।