किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सादिर जपारोव ने एक decreto (अध्यादेश) पर हस्ताक्षर किए हैं जिसके तहत नई प्रशासनिक संकुल और चिकित्सा शहर के निर्माण के लिए राज्य संपत्तियों को निवेशकों को हस्तांतरित करने की प्रक्रिया का विस्तार किया गया है। इस हस्तांतरण में अस्पताल और उनकी संबंधित ज़मीनें भी शामिल हो सकती हैं। सरकार का उद्देश्य निवेश आकर्षित करके बुनियादी ढांचे का विकास करना है। आलोचकों का कहना है कि इससे सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं पर असर पड़ सकता है। हस्तांतरण की शर्तों और निवेशकों की पहचान अभी पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है। यह कदम किर्गिस्तान की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए उठाया गया है, लेकिन सार्वजनिक हित को ध्यान में रखने की आवश्यकता है। सरकार का कहना है कि यह निर्णय देश के विकास के लिए आवश्यक है।
