कज़ाकिस्तान में बच्चों में स्ट्रोक के मामले सामने आ रहे हैं, हालांकि इस विषय पर कोई आधिकारिक आंकड़ा उपलब्ध नहीं है। बाल रोग विशेषज्ञ मीरगुल अलीकुलोवा ने ‘बिरिन्ची रेडियो’ को बताया कि अस्पतालों में ऐसे मामले दर्ज किए जा रहे हैं। जन्म के तुरंत बाद भी बच्चों को स्ट्रोक हो सकता है। देश में बच्चों में स्ट्रोक की घटनाओं की संख्या पर कोई व्यापक अध्ययन नहीं किया गया है। विशेषज्ञ इस स्थिति के प्रति जागरूकता बढ़ाने और शुरुआती निदान के महत्व पर जोर दे रहे हैं। यह स्थिति गंभीर हो सकती है और बच्चों के विकास पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकती है। इस विषय पर अधिक शोध और डेटा संग्रह की आवश्यकता है।