ब्रिटिश नागरिक एलेग्जेंडर ब्रॉडर ने रूस द्वारा प्रतिबंधों से बचने के लिए क्रिप्टोकरेंसी के उपयोग की जांच की है। इस जांच के परिणामस्वरूप, रूस ने 17 वर्षीय एक व्यक्ति को काली सूची में डाल दिया है। माना जा रहा है कि यह कदम क्रेमलिन के लिए एक संवेदनशील मुद्दा साबित हुआ है। ब्रॉडर रूसी सरकार के खिलाफ एक मुखर आलोचक रहे हैं और उन्होंने पहले भी रूस के वित्तीय गतिविधियों पर प्रकाश डाला है। यह घटना दर्शाती है कि रूस अपनी वित्तीय प्रणाली की रक्षा के लिए सख्त कदम उठा रहा है। काली सूची में शामिल किए जाने का मतलब है कि उस व्यक्ति को रूस में प्रवेश करने की अनुमति नहीं होगी और उसकी संपत्ति जब्त की जा सकती है। इस मामले ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ध्यान आकर्षित किया है और रूस की नीतियों पर सवाल उठाए हैं।