खैबर पख्तूनख्वा (केपी) के बजट को लेकर पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के विधायकों ने सरकार पर तीखी आलोचना की है। विधायकों का आरोप है कि सरकार ने उनके विकास प्रस्तावों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने इस फैसले को निराशाजनक बताया और कहा कि इससे उनके निर्वाचन क्षेत्रों के विकास कार्य प्रभावित होंगे। पीटीआई विधायकों ने बजट में अपने क्षेत्रों के लिए अधिक धन आवंटित करने की मांग की थी, लेकिन सरकार ने उनकी मांगों को मानने से इनकार कर दिया। इस अस्वीकृति के बाद, विधायकों ने सरकार के रवैये पर गहरी नाराजगी व्यक्त की है और इसे पार्टी के साथ विश्वासघात बताया है। उन्होंने सरकार से इस मामले पर पुनर्विचार करने और बजट में संशोधन करने का आग्रह किया है ताकि उनके निर्वाचन क्षेत्रों की विकास आवश्यकताओं को पूरा किया जा सके।
