ताइवान ने केन्या सरकार पर चीन के दबाव में आकर अपने अधिकारियों को एक अंतर्राष्ट्रीय समुद्री मंच में भाग लेने से रोकने का आरोप लगाया है। चीन, स्व-शासित ताइवान को अपना क्षेत्र मानता है और अंतर्राष्ट्रीय संगठनों में ताइवान की भागीदारी का विरोध करता है। ताइवान के समुद्री मामलों के मंत्री कुआन बी-लिंग ने इस घटना पर खेद व्यक्त किया है। ताइवान का कहना है कि केन्या का यह कदम अंतर्राष्ट्रीय नियमों और ताइवान की भागीदारी के अधिकारों का उल्लंघन है। इस घटना से ताइवान और चीन के बीच तनाव फिर से बढ़ गया है। ताइवान सरकार ने केन्या से इस मामले में स्पष्टीकरण मांगा है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कदम उठाने का आग्रह किया है। यह घटना अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर ताइवान की स्थिति को लेकर चीन के बढ़ते प्रभाव को दर्शाती है।
