केलंटन सरकार के पास उन व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई करने का अधिकार नहीं है जो विदेशियों को अपने घर या जमीन किराए पर देते हैं। यह इसलिए है क्योंकि ये संपत्तियां मालिकों की निजी संपत्ति हैं। यह बयान कोटा बारु में दिया गया, जिसमें स्पष्ट किया गया कि सरकार मालिकों की संपत्ति अधिकारों में हस्तक्षेप नहीं कर सकती है। इस स्थिति के कारण, केलंटन सरकार विदेशियों को संपत्ति किराए पर देने से रोकने के लिए कोई कानूनी कदम नहीं उठा सकती। स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि यह मामला संपत्ति मालिकों के अधिकार क्षेत्र में आता है। सरकार संपत्ति मालिकों को विदेशी किरायेदारों के चयन में उचित सावधानी बरतने की सलाह दे सकती है, लेकिन किरायेदारी को रोकने के लिए कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर सकती। इससे केलंटन में संपत्ति के किराये के बाजार पर असर पड़ सकता है।