पेरू में कीको फुजिमोरी और राष्ट्रपति के समर्थन से अल्बर्टो बीइंगोलिया को भ्रष्टाचार के आरोपों से बचाने का मामला सामने आया है। यह घटना मिंकुल (संस्कृति मंत्रालय) में हुई है और संकेत देती है कि सुधारों की कमी है। आलोचकों का कहना है कि बीइंगोलिया को राष्ट्रपति द्वारा बचाया जा रहा है, जिससे जवाबदेही की कमी उजागर होती है। यह मामला 'लीमा ग्रिस' नामक समाचार माध्यम द्वारा प्रकाशित किया गया है। यह एक प्रारंभिक संकेत है कि राजनीतिक भ्रष्टाचार के मामले जारी रहेंगे। इस सुरक्षा से जनता में निराशा और अविश्वास की भावना पैदा हुई है। यह घटना पेरू की राजनीति में पारदर्शिता और न्याय के सिद्धांतों पर सवाल उठाती है।