कज़ाकिस्तान के राष्ट्रपति कसीम-जोमार्त टोकायेव ने शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के भीतर सुरक्षा, व्यापार, परिवहन, निवेश और जल संसाधनों के क्षेत्र में अधिक मजबूत सहयोग की आवश्यकता पर बल दिया है। यह आह्वान संगठन की 25वीं वर्षगांठ के अवसर पर किया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि SCO का विस्तार होता हुआ एजेंडा इसे उभरते बहुध्रुवीय अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था में एक महत्वपूर्ण मंच के रूप में स्थापित कर रहा है। टोकायेव ने SCO के सदस्य देशों के बीच समन्वय और सहयोग बढ़ाने के महत्व पर जोर दिया। उनका मानना है कि यह संगठन क्षेत्रीय स्थिरता और समृद्धि को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। SCO के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए, यह वैश्विक चुनौतियों का सामना करने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच बन सकता है। संगठन के भीतर मजबूत साझेदारी, सामूहिक सुरक्षा और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।