यरूशलम में शबात के दौरान एक रिफॉर्म आराधनालय (synagogue) में बर्बरता की गई। कोहलानेशेमा (Kol HaNeshama) नामक आराधनालय के अनुसार, घटना के समय कोई सदस्य मौजूद नहीं था। रिफॉर्म रब्बी और संसद सदस्य (MK) गिलाद करिव ने बर्बरता करने वालों को ‘उकसाए गए गुंडे’ बताते हुए कड़ी निंदा की है। आराधनालय के सदस्यों ने इस घटना के बावजूद अपना हौसला बनाए रखने की कसम खाई है। यह घटना धार्मिक स्वतंत्रता और विविधता के लिए खतरे के रूप में देखी जा रही है। पुलिस मामले की जांच कर रही है, लेकिन अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। यह घटना इजराइल में धार्मिक ध्रुवीकरण के बढ़ते खतरे को रेखांकित करती है।