जापान में सार्वजनिक परिवहन में यौन उत्पीड़न, जिसे ‘चिकन’ कहा जाता है, की समस्या से निपटने के लिए 25 वर्षों से महिलाओं के लिए विशेष डिब्बे चलाए जा रहे हैं। ये डिब्बे मुख्य रूप से सुबह और शाम के व्यस्त समय में संचालित होते हैं, जब आवागमन अधिक होता है और उत्पीड़न की घटनाएं बढ़ने की आशंका रहती है। इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को सुरक्षित और आरामदायक यात्रा का अनुभव प्रदान करना है। हालांकि, कुछ आलोचकों का मानना है कि यह समस्या का स्थायी समाधान नहीं है और उत्पीड़न करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। फिर भी, ये विशेष डिब्बे कई महिलाओं के लिए राहत का स्रोत बने हुए हैं। यह सेवा टोक्यो और अन्य प्रमुख शहरों में उपलब्ध है, और इसका उद्देश्य सार्वजनिक परिवहन को सभी के लिए सुरक्षित बनाना है। इस पहल से जापान में महिलाओं की सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ी है।
