जापानी सरकार ने आज बताया कि जापान का चालू खाता अधिशेष 2026 की पहली छमाही में 17.4 ट्रिलियन येन (95.5 बिलियन यूरो) रहा। यह आंकड़ा पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 22.5% अधिक है। इस वृद्धि का मुख्य कारण निर्यात में वृद्धि और आयात में कमी है। मजबूत वैश्विक मांग ने जापानी निर्यातकों को लाभान्वित किया है, खासकर ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के क्षेत्र में। ये आंकड़े जापान की आर्थिक स्थिति में सुधार का संकेत देते हैं। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं को देखते हुए सतर्क रहने की आवश्यकता है। यह अधिशेष जापान को वैश्विक आर्थिक चुनौतियों का सामना करने में मदद करेगा।