रूसी संघ के साइबेरियाई शहर याकुत्स्क में पोलिश और लिथुआनियाई निर्वासितों को समर्पित एक स्मारक को हटा दिया गया है। इसकी जगह अब उन रूसी सैनिकों के लिए एक स्मारक स्थापित किया गया है जो यूक्रेन में युद्ध में मारे गए थे। यह जानकारी बुधवार को स्वतंत्र समाचार पोर्टल मीडियाज़ोना ने दी। यह कदम पोलैंड और लिथुआनिया दोनों देशों में विवाद का विषय बन गया है, क्योंकि यह उन लोगों की स्मृति को मिटाने का प्रयास माना जा रहा है जिन्हें सोवियत शासन के दौरान साइबेरिया में निर्वासित कर दिया गया था। मीडियाज़ोना के अनुसार, स्थानीय अधिकारियों ने विशेष रूप से इस स्मारक को हटाने का आदेश दिया था। यह घटना यूक्रेन में चल रहे संघर्ष के संदर्भ में भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह रूसी सरकार द्वारा इतिहास के पुनर्लेखन के प्रयासों को दर्शाती है। यह कार्रवाई अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी निंदा का सामना कर सकती है।