फिल्मकार ओरेन बेन सिमोन अपनी पहली फिल्म ‘मॉरिस’ का निर्देशक संस्करण लेकर आए हैं। यह फिल्म तेल अवीव शहर के उस दौर को दर्शाती है, जो आधुनिक गगनचुंबी इमारतों से पहले का था। ‘मॉरिस’ एक शहरी कवि की कहानी है, जो शहर के हाशिए पर रहने वाले लोगों, संगीत और कविता के माहौल से प्रेरित है। फिल्म की उत्पत्ति शहर में बिताई गई रातों, कविता पाठों और संगीत समारोहों में हुई। बेन सिमोन ने इस फिल्म को एक काव्यात्मक कृति के रूप में वर्णित किया है, जो शहर के जीवन के एक विशेष पहलू को उजागर करती है। यह फिल्म शहरी जीवन और कला के बीच के संबंध को दर्शाती है। ‘मॉरिस’ एक ऐसे तेल अवीव को प्रस्तुत करती है जो अब बदल चुका है।