इज़राइल की कैबिनेट ने एक महत्वपूर्ण प्रसारण मीडिया नियामक को कोरम के बिना संचालित करने की अनुमति देने वाले उच्च न्यायालय के फैसले को ‘गैरकानूनी’ घोषित किया है। यह पहली बार है जब इज़राइली सरकार ने खुले तौर पर उच्च न्यायालय के फैसले की अवहेलना करने की कसम खाई है। विपक्ष ने सरकार पर ‘कानून के शासन का उल्लंघन’ करने का आरोप लगाया है। इस कदम से देश में एक गंभीर संवैधानिक संकट उत्पन्न होने की आशंका है। सरकार का कहना है कि वह न्यायालय की न्यायिक समीक्षा की शक्ति को सीमित करने के लिए प्रतिबद्ध है। इस फैसले से देश में राजनीतिक तनाव बढ़ गया है और विरोध प्रदर्शनों की संभावना है। कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम लोकतंत्र के लिए खतरनाक है।