इजराइल ने एक फ्रांसीसी पत्रकार, एलिस फ्रौसार्ड को देश में प्रवेश करने से रोक दिया है। उन पर हमास का समर्थन करने का आरोप लगाया गया है, जिसके कारण उन्हें वीजा नहीं दिया गया। फ्रौसार्ड के नियोक्ता और विदेशी प्रेस संघ ने इस फैसले की कड़ी आलोचना की है। उनका कहना है कि यह प्रेस की स्वतंत्रता पर हमला है। इजराइल सरकार ने अभी तक इस मामले पर विस्तृत प्रतिक्रिया नहीं दी है। आलोचकों का तर्क है कि यह कदम पत्रकारिता को बाधित करने और सूचना के प्रवाह को नियंत्रित करने का प्रयास है। इस घटना से इजराइल में विदेशी पत्रकारों की सुरक्षा और कार्य करने की स्वतंत्रता पर सवाल उठ रहे हैं।