इराक में इस्लामिक प्रतिरोध ने सऊदी अरब के उस दावे को अस्वीकार कर दिया है जिसमें कहा गया था कि सऊदी अरब की तेल सुविधाओं पर ड्रोन हमले इराकी क्षेत्र से शुरू किए गए थे। प्रतिरोध समूहों ने रियाद को इस आरोप के आधार पर किसी भी "मूर्खतापूर्ण कार्रवाई" से आगाह किया है। इस अस्वीकृति से दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ने की संभावना है, क्योंकि सऊदी अरब ने हमलों के लिए इराक को जिम्मेदार ठहराया था। इस्लामिक प्रतिरोध ने स्पष्ट किया है कि वे किसी भी हमले में शामिल नहीं थे और सऊदी अरब के आरोपों को भ्रामक बताया है। उन्होंने रियाद से सबूत पेश करने और जल्दबाजी में निष्कर्ष निकालने से बचने का आग्रह किया है। यह घटनाक्रम मध्य पूर्व में पहले से ही जटिल भू-राजनीतिक स्थिति को और बढ़ा सकता है। प्रतिरोध समूहों ने भविष्य में किसी भी संभावित टकराव से बचने के लिए कूटनीति और संवाद का आह्वान किया है।