ईरान के सर्वोच्च नेता, अयातुल्ला सईद मोजबता होसैनि खामenei ने हिज़बुल्लाह के महासचिव शेख नईम कासिम को एक पत्र लिखा। इस पत्र में उन्होंने ईरान के प्रतिरोध मोर्चे को दिए जाने वाले समर्थन को "एक रणनीतिक आदेश" बताया है। यह बयान ईरान की ओर से हिज़बुल्लाह के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाता है। सर्वोच्च नेता ने इस समर्थन को क्षेत्रीय स्थिरता और सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण बताया है। उनका मानना है कि प्रतिरोध मोर्चे का समर्थन ईरान की विदेश नीति का एक अभिन्न अंग है। यह कदम इज़राइल और पश्चिमी हस्तक्षेप के खिलाफ प्रतिरोध समूहों को शक्ति प्रदान करने के लिए ईरान के निरंतर प्रयासों का प्रतीक है। इस समर्थन के कारण क्षेत्रीय भू-राजनीतिक स्थिति पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ सकता है।