ईरान की लगभग 100 अरब डॉलर की संपत्ति विभिन्न प्रतिबंधों और बैंकिंग नियमों के कारण पहुंच से बाहर है। तेहरान इन संपत्तियों को जारी करने की मांग कर रहा है, लेकिन यह जटिल बना हुआ है। ये संपत्तियां विभिन्न देशों में जमा हैं और उन तक पहुंच प्राप्त करना ईरान के लिए एक बड़ी चुनौती है। ये धन ईरान की अर्थव्यवस्था को स्थिर करने में मदद कर सकता है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों के कारण ऐसा करना मुश्किल है। इन संपत्तियों की स्थिति ईरान और अन्य देशों के बीच बातचीत का एक महत्वपूर्ण विषय है। इस मुद्दे का समाधान ईरान परमाणु समझौते को लेकर आगे बढ़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। संपत्ति की वापसी से क्षेत्रीय स्थिरता पर भी असर पड़ सकता है।