ईरान के रूढ़िवादी सांसदों ने अमेरिका के साथ संभावित शांति समझौते पर अपनी असहमति व्यक्त की है। उनका मानना है कि इस समझौते से भविष्य में ईरान को नुकसान हो सकता है। ये सांसद समझौते की शर्तों को लेकर चिंतित हैं और उनका कहना है कि इससे ईरान की स्थिति कमजोर हो सकती है। उनका मानना है कि अमेरिका इस समझौते का उपयोग ईरान पर दबाव बनाने के लिए कर सकता है। सांसदों ने सरकार से इस मामले में सावधानी बरतने और ईरान के हितों की रक्षा करने का आग्रह किया है। यह बयान ईरान और अमेरिका के बीच तनावपूर्ण संबंधों के बीच आया है, जहाँ दोनों देश कई मुद्दों पर असहमत हैं।
