ईरान के एक राजदूत ने मंगलवार को कहा कि अमेरिका-ईरान समझौते के तहत जमी हुई संपत्ति जारी होने के बाद उसका उपयोग कैसे किया जाएगा, यह निर्णय केवल तेहरान ही लेगा। यह बयान अमेरिकी दावों के विपरीत है। समझौते के तहत, वाशिंगटन ईरान को 12 अरब डॉलर की जमी हुई धनराशि जारी करने और इस्लामी गणराज्य से तेल पर अस्थायी रूप से प्रतिबंधों को हटाने के लिए सहमत हुआ है। ईरानी राज्य मीडिया ने इस बात की जानकारी दी है कि यह समझौता मध्य पूर्व युद्ध को समाप्त करने की दिशा में किया जा रहा है। राजदूत के अनुसार, संपत्ति के उपयोग पर निर्णय लेने का अधिकार पूरी तरह से ईरान का है। यह समझौता फिलहाल बातचीत के स्तर पर है और अंतिम रूप से तय नहीं हुआ है। इस समझौते से ईरान की अर्थव्यवस्था को महत्वपूर्ण राहत मिलने की उम्मीद है।
