अमेरिका ईरान के साथ समझौते को रविवार तक अंतिम रूप देने पर जोर दे रहा है, जो डोनाल्ड ट्रम्प के 80वें जन्मदिन से मेल खाता है। हालांकि, लेबनान में इजराइल द्वारा हालिया सैन्य कार्रवाई के बाद ईरान ने शांति वार्ता जारी रखने के औचित्य पर सवाल उठाया है। ईरान का कहना है कि इजराइल के बढ़ते हमलों के बीच बातचीत का कोई मतलब नहीं बनता। इस स्थिति से समझौते की संभावना कम हो गई है। अमेरिका अभी भी समझौते को बचाने की कोशिश कर रहा है, लेकिन ईरान की प्रतिक्रिया से मुश्किलें बढ़ गई हैं। विश्लेषकों का मानना है कि इजराइल की कार्रवाई का उद्देश्य वार्ता को पटरी से उतारना हो सकता है। इस तनावपूर्ण माहौल में, राजनयिक प्रयास जारी हैं, लेकिन सफलता अनिश्चित है।