ईरान ने स्पष्ट किया है कि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा हमले रोकने के बावजूद, दोनों देशों के बीच कोई भी बातचीत नहीं हो रही है। अमेरिका का लक्ष्य ईरान को महत्वपूर्ण जलमार्गों पर अपने नियंत्रण को छोड़ने के लिए मजबूर करना था, लेकिन ये प्रयास अभी तक विफल रहे हैं। इस स्थिति के कारण ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतों में वृद्धि हुई है। ईरान ने बातचीत की किसी भी संभावना से इनकार करते हुए, अपनी स्थिति पर अड़े रहने का संकेत दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह गतिरोध लंबे समय तक जारी रह सकता है, जिसका वैश्विक अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। तेल की कीमतों में बढ़ोतरी से वैश्विक व्यापार और विकास पर असर पड़ सकता है। फिलहाल, दोनों देशों के बीच तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है।