ईरान और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच 28 फरवरी को युद्ध छिड़ गया, जो कि अमेरिका और इजराइल के इस्लामिक गणराज्य पर हमलों के बाद शुरू हुआ। इस संघर्ष ने पूरे क्षेत्र में तनाव बढ़ा दिया है। ईरानी वार्ताकार के अनुसार, हॉर्मुज जलडमरूमध्य तब तक नहीं खुलेगा जब तक कि अमेरिका ईरान की मांगों को पूरा नहीं करता। यह बयान क्षेत्र में पहले से ही मौजूद भू-राजनीतिक तनाव को और बढ़ा सकता है। जलडमरूमध्य की संभावित बंद होने से वैश्विक तेल आपूर्ति में गंभीर व्यवधान आ सकता है, जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। यह स्थिति आगे चलकर क्षेत्रीय अस्थिरता को जन्म दे सकती है। फिलहाल, दोनों पक्षों के बीच तनाव कम करने के लिए कूटनीतिक प्रयास जारी हैं।